क्या गीत, संगीत, कविताएं और शायरी सांप्रदायिकता भी फैला सकती हैं? अराजकता भी फैला सकती हैं ? क्या एक कवि या शायर द्वारा लिखे गए लफ्ज़ देश विरोधी भी हो सकते हैं?
from Zee News Hindi: India News https://ift.tt/36l1egm
from Zee News Hindi: India News https://ift.tt/36l1egm
ओबामा के प्रतीक कुहाड़ के गीत को सुनना, फैज़ की नज्म का ट्रेंड करना क्या बताता है?
Reviewed by RUPA
on
18:41
Rating:

No comments: